मुख्य सामग्री पर जाएं
लाइव न्यूज़ डेस्क साक्ष्य-आधारित स्वतंत्र जनहित पत्रकारिता
Digital Saboot Newsहर खबर के पीछे सबूत, हर मुद्दे पर जवाबदेही
ब्रेकिंग
शेख हसीना ने दिसंबर में बांग्लादेश लौटने का इरादा दोहराया, गिरफ्तारी और जान के खतरे का भी जिक्र CJP नेताओं की हिरासत 21 अक्टूबर तक बढ़ी, SEM ने बताईं जमानतदारों को खारिज करने की वजहें ट्रेन में स्पीकर पर गाने-रील्स बजाने पर ₹1,000 जुर्माना; चेतावनी अनसुनी की तो ₹5,000 या छह माह तक जेल फर्रुखाबाद में गोचर भूमि पर अवैध खनन और ‘मनोज नगर’ बसाने का आरोप, डीएम से जांच की मांग ग्रामसभा की जमीन पर अवैध कब्जे की सूचना न देने पर प्रधान और लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश: इलाहाबाद हाईकोर्ट टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग: क्राइम ब्रांच भी जांच में, 15 टीमें गठित; तीन अज्ञात पर FIR कैंसर की 137 दवाओं पर ट्रेड मार्जिन 30% तक सीमित: 9 नवंबर से नई कीमतें, 70% तक कमी की संभावना बलरामपुर दुर्गा पूजा पंडाल के पास कार का कहर: तीन लोगों की मौत, चार घायल; चालक गिरफ्तार ग्वालियर शीतला माता मंदिर हादसा: श्रद्धालुओं को ट्रक ने कुचला, 16 मौतों की रिपोर्ट; सुरक्षा चूक की जांच
स्वतंत्र पत्रकारितासंपादकीय नीतिसुधार नीतिस्वामित्वशिकायत निवारण
ब्रेकिंग न्यूज

लखीमपुर खीरी: 13 वर्षीय अमिताभ की हाजिरजवाबी—‘देखना नहीं, इसे करवा दीजिए’; डीएम ने दिए जांच के निर्देश

लखीमपुर खीरी, 18 जुलाई। जिले में आयोजित समाधान दिवस के दौरान अपनी पारिवारिक समस्या लेकर जिलाधिकारी के सामने पहुंचे 13 वर्षीय छात्र अमिताभ गुप्ता का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। आठवीं कक्षा में…

X पर साझा करेंFacebook पर साझा करें

लखीमपुर खीरी, 18 जुलाई। जिले में आयोजित समाधान दिवस के दौरान अपनी पारिवारिक समस्या लेकर जिलाधिकारी के सामने पहुंचे 13 वर्षीय छात्र अमिताभ गुप्ता का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। आठवीं कक्षा में पढ़ने वाले अमिताभ ने अधिकारियों से बेहद आत्मविश्वास और हाजिरजवाबी के साथ अपनी बात रखी। जब एक पुलिस अधिकारी ने समस्या को “आज ही देखने” का भरोसा दिया तो बच्चे ने तुरंत कहा—“देखना नहीं है साहब, इसे करवा दीजिए।” उसके इस जवाब पर जिलाधिकारी समेत वहां मौजूद अधिकारियों के चेहरों पर मुस्कान आ गई।

मकान के हिस्से पर ताला, आर्थिक परेशानी बताई

उपलब्ध जानकारी के अनुसार अमिताभ लखीमपुर शहर के ईदगाह मोहल्ले का निवासी है। उसने जिलाधिकारी को बताया कि उसके परिवार के मकान के एक हिस्से पर उसकी ताई ने ताला लगा रखा है। बच्चे का कहना था कि ताला खुलने पर उसकी मां उस हिस्से को किराए पर दे सकेंगी और किराये से परिवार के घरेलू खर्च में मदद मिलेगी।

अमिताभ ने परिवार की आर्थिक स्थिति का उल्लेख करते हुए अधिकारियों से कहा कि घर का खर्च चलाना मुश्किल हो रहा है। उसने रोजमर्रा के खर्च और सीमित आय की बात भी रखी। इतने कम उम्र में अपनी समस्या को स्पष्ट शब्दों में रखने के उसके अंदाज ने समाधान दिवस में मौजूद लोगों का ध्यान खींचा।

डीएम ने पुलिस को मौके पर भेजने के निर्देश दिए

रिपोर्ट के अनुसार जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने मामले को सुनने के बाद पुलिस को मौके पर जाकर स्थिति की जांच करने के निर्देश दिए। वहां मौजूद इंस्पेक्टर राजेश सिंह ने बच्चे को भरोसा दिलाया कि मामला उसी दिन देखा जाएगा। इसी पर अमिताभ ने तपाक से कहा कि केवल देखना नहीं, समस्या का समाधान कराया जाए।

वीडियो में बच्चा अधिकारियों की मेज के सामने खड़ा होकर लगातार अपनी बात रखता दिखाई देता है। अधिकारी उसकी बात सुनते हैं और कई मौकों पर उसकी बेबाक शैली पर मुस्कराते नजर आते हैं। उपलब्ध सार्वजनिक रिपोर्ट में इसे बच्चे की हाजिरजवाबी पर प्रतिक्रिया बताया गया है; इसे उसकी शिकायत का मजाक उड़ाने के प्रमाण के रूप में स्थापित नहीं किया गया है।

‘कमीशनखोरी’ वाला दावा अभी अपुष्ट

इस वीडियो के साथ सोशल मीडिया पर कुछ पोस्टों में अधिकारियों की कथित “कमीशनखोरी” से जुड़ी टिप्पणी भी प्रसारित की जा रही है। हालांकि डिजिटल साबूत न्यूज़ को उपलब्ध वीडियो, सार्वजनिक समाचार रिपोर्ट और जिला प्रशासन की वेबसाइट से ऐसे किसी भ्रष्टाचार के आरोप की स्वतंत्र पुष्टि नहीं मिली है। इसलिए वायरल टिप्पणी को अधिकारियों के खिलाफ सिद्ध तथ्य या भ्रष्टाचार के प्रमाण के रूप में प्रस्तुत करना उचित नहीं होगा।

वीडियो से इतना अवश्य स्पष्ट होता है कि एक नाबालिग छात्र समाधान दिवस में अपनी पारिवारिक और आर्थिक परेशानी लेकर अधिकारियों तक पहुंचा और जिलाधिकारी ने पुलिस को जांच के निर्देश दिए। मकान का ताला खुला या नहीं, संपत्ति पर कानूनी अधिकार किसका है और शिकायत का अंतिम निस्तारण हुआ या नहीं—इन बिंदुओं की आधिकारिक पुष्टि अभी सामने नहीं आई है।

प्रशासन से अपेक्षित जवाब

अब जिला प्रशासन और पुलिस से यह स्पष्ट होना अपेक्षित है कि मौके की जांच में क्या तथ्य मिले, विवाद निजी संपत्ति से संबंधित है या किसी न्यायिक आदेश की आवश्यकता है, और बच्चे के परिवार को कानून के दायरे में क्या सहायता उपलब्ध कराई गई। प्रशासन का विस्तृत लिखित पक्ष मिलने पर खबर को अपडेट किया जाएगा।

संपादकीय नोट: संबंधित छात्र नाबालिग है। उसकी पहचान पहले से सार्वजनिक समाचार रिपोर्ट में उपलब्ध होने के कारण नाम का सीमित उपयोग किया गया है; सटीक पता और अन्य निजी विवरण प्रकाशित नहीं किए गए हैं।

X पर साझा करेंFacebook पर साझा करें

ASHEESH CHAUHAN

संपादकीय डेस्क

Digital Saboot News की संपादकीय और सत्यापन टीम।

त्रुटि बताएंऔपचारिक शिकायत

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

आगे पढ़ें

संबंधित खबरें

शेख हसीना ने दिसंबर में बांग्लादेश लौटने का इरादा दोहराया, गिरफ्तारी और जान के खतरे का भी जिक्र
ब्रेकिंग न्यूज

शेख हसीना ने दिसंबर में बांग्लादेश लौटने का इरादा दोहराया, गिरफ्तारी और जान के खतरे का भी जिक्र

नई दिल्ली/ढाका, 20 अक्टूबर 2026। बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने एक बार फिर कहा है कि वह दिसंबर 2026 में…

20 Oct 20263 मिनट पढ़ें
CJP नेताओं की हिरासत 21 अक्टूबर तक बढ़ी, SEM ने बताईं जमानतदारों को खारिज करने की वजहें
ब्रेकिंग न्यूज

CJP नेताओं की हिरासत 21 अक्टूबर तक बढ़ी, SEM ने बताईं जमानतदारों को खारिज करने की वजहें

नई दिल्ली, 19 अक्टूबर 2026। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) से जुड़े सौरव दास और आशुतोष रांका की न्यायिक हिरासत 21 अक्टूबर तक…

20 Oct 20263 मिनट पढ़ें
ट्रेन में स्पीकर पर गाने-रील्स बजाने पर ₹1,000 जुर्माना; चेतावनी अनसुनी की तो ₹5,000 या छह माह तक जेल
ब्रेकिंग न्यूज

ट्रेन में स्पीकर पर गाने-रील्स बजाने पर ₹1,000 जुर्माना; चेतावनी अनसुनी की तो ₹5,000 या छह माह तक जेल

डिजिटल सबूत न्यूज़ | नई दिल्ली/चेन्नई, 19 अक्टूबर 2026। ट्रेन में सफर के दौरान मोबाइल के स्पीकर पर तेज आवाज में गाने,…

19 Oct 20264 मिनट पढ़ें
इस पेज पर सहायता चाहिए? Digital Help AI
DIGITAL HELP AI

एक सहायक विकल्प चुनें। Digital Help प्रकाशित वेबसाइट सामग्री का उपयोग करता है और कोई खबर या रिकॉर्ड अपने-आप प्रकाशित या नहीं बदलता।

सुरक्षित AI सहायता

Digital Help प्रकाशित पृष्ठ की सामग्री और सामान्य मार्गदर्शन का उपयोग करता है। यह कोई खबर या रिकॉर्ड अपने-आप प्रकाशित या नहीं बदलता।

सुरक्षित उपयोग निर्देशPublic chat में व्यक्तिगत, वित्तीय या संवेदनशील जानकारी दर्ज न करें।